गैरकानूनी होगा कार और बाइक्स को मॉडिफिकेशन करना

Carnama Jan 10, 2019

credit:Red Bull

केरल हाई कोर्ट के आदेश को पलटते हुए सुप्रीम कोर्ट के आदेश में कहा गया है की केरल हाई कोर्ट ने अपने आदेश में केवल सेक्शन 52(1) के नियमों पर धयान दिया था, प्रावधानों पर नहीं. इसलिए, उनका आदेश क़ानून पर खरा नहीं उतरता है.

credit: YouTube

नियमों को प्रावधानों पर हावी नहीं होना चाहिए और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट में निर्माता के द्वारा दिए गए असल स्पेक्स के अलावे कोई बदलाव नहीं किया जा सकता.

credit:Reporter

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक़, चौड़े टायर्स, बड़े अलॉय व्हील्स, और तेज़ हॉर्न जैसे आम मॉडिफिकेशन भी गैरकानूनी हैं. अगर सरकार इस आदेश को सख्ती से लागू करती है तो मॉडिफिकेशन/एक्सेसरी उद्योग के लिए इसका प्रभाव काफी व्यापक हो सकता है.

credit:IndiaMART

लेकिन, सरकार को राज्यों के परिवहन विभाग को सुप्रीम कोर्ट के इस आदेश के बारे में सूचित करने में समय लगेगा. एक बार जब ये हो जाएगा, ये देखना बाकी रहेगा की दूसरे राज्यों के परिवहन विभाग और क़ानून-व्यवस्था एजेंसियां मॉडिफाइड गाड़ियों से किस प्रकार से निबटती हैं.

credit: The Drive

एक बार जब परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस डिपार्टमेंट के पास सुप्रीम कोर्ट के आदेश की जानकारी होगी, गाड़ी मॉडिफाई करने वाले लोगों को दिक्कतों का सामान करना पड़ सकता है.

wemedia logo Powered by RozBuzz Wemedia

RELATED ARTICLE